महराजगंज: ग्रामीण विकास योजनाओं को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और जनहितकारी बनाने के उद्देश्य से बुधवार को नौतनवा विकास खंड के रतनपुर सभागार में राष्ट्रीय ग्राम स्वराज योजना के अंतर्गत एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यक्रम में ग्राम पंचायत सचिवों और पंचायत सहायकों को वित्तीय वर्ष 2026-27 की ग्राम पंचायत विकास योजना (जीपीडीपी) तैयार करने के संबंध में विस्तृत प्रशिक्षण दिया गया।
कार्यशाला की अध्यक्षता खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) अमित कुमार मिश्र ने की। उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायत विकास योजना केवल एक औपचारिक प्रक्रिया नहीं, बल्कि गांवों के भविष्य की दिशा तय करने वाला महत्वपूर्ण दस्तावेज है। इसलिए प्रत्येक योजना स्थानीय जरूरतों, ग्रामीणों की प्राथमिकताओं और उपलब्ध संसाधनों को ध्यान में रखकर पूरी पारदर्शिता एवं जवाबदेही के साथ तैयार की जाए।
मुख्य प्रशिक्षक ओमप्रकाश ने प्रतिभागियों को ग्राम पंचायत विकास योजना के विभिन्न पहलुओं की जानकारी देते हुए डिजिटल माध्यम से योजना तैयार करने और पोर्टल पर अपलोड करने की प्रक्रिया विस्तार से समझाई। उन्होंने बताया कि योजनाओं का निर्माण जनसहभागिता के आधार पर होना चाहिए, जिससे विकास कार्य वास्तविक आवश्यकताओं के अनुरूप संचालित किए जा सकें।
प्रशिक्षण के दौरान बजट निर्धारण, विकास कार्यों की प्राथमिकता तय करने, समयबद्ध क्रियान्वयन, संसाधनों के बेहतर उपयोग तथा योजनाओं की निगरानी जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। प्रतिभागियों को यह भी बताया गया कि योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन से गांवों में आधारभूत सुविधाओं के साथ-साथ सामाजिक एवं आर्थिक विकास को भी नई गति मिलेगी।
बीडीओ अमित कुमार मिश्र ने सभी ग्राम पंचायत सचिवों और पंचायत सहायकों को निर्देश दिए कि वे निर्धारित समयसीमा के भीतर अपनी-अपनी ग्राम पंचायत विकास योजनाएं तैयार कर पोर्टल पर अपलोड करना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि विकास योजनाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही या अपारदर्शिता स्वीकार नहीं की जाएगी।
कार्यक्रम में एडीओ पंचायत रामकृष्ण प्रसाद, कंसल्टिंग इंजीनियर हरिश्चंद्र, ग्राम पंचायत सचिव संजय पांडेय, दिनेश पासवान, पुष्पेंद्र राय, परमेश्वर दूबे सहित ब्लॉक क्षेत्र के सभी ग्राम पंचायत सचिव एवं पंचायत सहायक मौजूद रहे। इसके अलावा विकास यादव, राकेश कुमार, गिरिजेश पासवान, राहुल, संजय, श्रवण, आशीर्वाद, अशोक, नीलम, नगीना, रीमा राय, अनीता, संध्या साहनी, प्रदीप, नीरज, अनिरुद्ध, ऋषिराज, वासदेव चौधरी सहित बड़ी संख्या में विभागीय कर्मचारी एवं स्थानीय लोग भी प्रशिक्षण कार्यक्रम में शामिल हुए।


