कुशीनगर: सेवरही थाना क्षेत्र के रकबा दुलमा पट्टी स्थित बड़ी गंडक नहर मंगलवार (20 जनवरी) को एक ऐसी घटना की गवाह बनी, जिसने इंसानियत पर भरोसा तो मजबूत किया, लेकिन एक होनहार बेटी को हमसे छीन लिया।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, नहर में एक युवती अचानक डूबने लगी। उसे संकट में देख दूसरी युवती ने बिना एक पल सोचे अपनी जान की परवाह किए बिना नहर में छलांग लगा दी। तेज बहाव और गहराई के कारण हालात बेकाबू हो गए। आसपास मौजूद ग्रामीणों ने किसी तरह डूब रही युवती को बाहर निकाल लिया, जिससे उसकी जान बच गई, लेकिन साहस दिखाने वाली युवती पानी के तेज बहाव में समा गई।

सूचना मिलते ही सेवरही थाना पुलिस मौके पर पहुंची। घायल युवती को तत्काल नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जबकि बचाने गई युवती को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
जैसे ही यह खबर फैली कि बहादुरपुर गांव की एक बेटी ने एक अंजान युवती की जान बचाने के लिए अपने प्राण न्योछावर कर दिए, पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। घटनास्थल पर सैकड़ों लोग जमा हो गए और हर आंख नम नजर आई।
गांव में मातम पसरा है। लोग उस बेटी को सलाम कर रहे हैं, जिसने इंसानियत के नाम पर अपनी जिंदगी कुर्बान कर दी। पुलिस घटना की जांच कर रही है कि युवतियां नहर किनारे कैसे पहुंचीं और हादसा किन परिस्थितियों में हुआ।
स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों ने सरकार से मांग की है कि इस साहसी बेटी को मरणोपरांत सम्मानित किया जाए, ताकि उसकी बहादुरी आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बन सके।


