नई दिल्ली: आवारा कुत्तों को लेकर सुप्रीम कोर्ट की हालिया टिप्पणियों और आदेशों के बाद देशभर में बहस छिड़ी हुई है। इसी बीच प्रसिद्ध गायक मीका सिंह ने इस संवेदनशील मुद्दे पर मानवीय पहल करते हुए सुप्रीम कोर्ट से अपील की है कि ऐसा कोई निर्णय न लिया जाए, जिससे आवारा कुत्तों की सुरक्षा और भलाई प्रभावित हो।
रविवार को मीका सिंह ने अपने आधिकारिक X (पूर्व में ट्विटर) अकाउंट के माध्यम से कहा कि वे आवारा कुत्तों के संरक्षण और देखभाल के लिए 10 एकड़ भूमि दान करने को तैयार हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनके पास पर्याप्त जमीन उपलब्ध है, जहां कुत्तों के लिए सुरक्षित, सुव्यवस्थित और बेहतर शेल्टर होम विकसित किया जा सकता है।
मीका सिंह ने अपने संदेश में लिखा कि यदि प्रशासन या संबंधित संस्थाएं प्रशिक्षित स्टाफ और जिम्मेदार लोगों की व्यवस्था करें, तो वे कुत्तों के रहने, इलाज, सुरक्षा और बेहतर जीवन से जुड़ी सभी सुविधाओं के लिए अपनी जमीन देने को तैयार हैं। उन्होंने इसे पशुओं के प्रति समाज की सामूहिक जिम्मेदारी बताया।
क्या है सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी?
बीते कुछ समय में देश के विभिन्न हिस्सों से आवारा कुत्तों के काटने और सड़क दुर्घटनाओं से जुड़े कई मामले सामने आए हैं। इन घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए सुप्रीम कोर्ट ने शहरी क्षेत्रों में आवारा कुत्तों की बढ़ती समस्या पर चिंता जताई थी और प्रशासन को समाधान खोजने के निर्देश दिए थे।
हालांकि इस दौरान यह चर्चा तेज हो गई कि कुत्तों को शहरों से हटाकर दूर शेल्टर होम में भेजा जाएगा। इस पर पशु प्रेमियों और सामाजिक संगठनों ने आपत्ति जताई। बाद में सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया कि कुत्तों को पूरी तरह सड़कों से हटाने का कोई अंतिम आदेश नहीं दिया गया है, बल्कि संतुलित और व्यावहारिक समाधान पर जोर दिया गया है।


