महराजगंज: नौतनवा ब्लॉक क्षेत्र के ग्राम पंचायत सेवतरी में स्वच्छता अभियान की जमीनी हकीकत बेहद निराशाजनक नजर आ रही है। गांव में स्थाई सफाई कर्मचारी की तैनाती न होने के कारण सफाई व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। नालियों में सड़ती गंदगी और जलजमाव से ग्रामीणों का जीवन दूभर हो गया है।
बीते बुधवार को मामले के उजागर होने के बाद ब्लॉक प्रशासन ने जल्दबाजी में रोस्टर प्रणाली लागू कर सफाई व्यवस्था सुधारने के निर्देश तो दिए, लेकिन यह पहल सिर्फ कागजों तक ही सीमित रह गई। गुरुवार को गांव में भेजे गए सफाई कर्मियों ने वास्तविक सफाई कार्य करने के बजाय औपचारिकता निभाई।
ग्रामीणों का आरोप है कि बड़ी संख्या में कर्मचारी और मजदूर गांव पहुंचे, लेकिन उन्होंने नालियों की सफाई करने के बजाय केवल गांव के एक हिस्से में थोड़ी बहुत सफाई कर फोटो खिंचवाकर अपनी मौजूदगी दर्ज कराई और लौट गए। नालियां ज्यों की त्यों गंदगी से भरी रहीं, जिससे दुर्गंध और जलजमाव की समस्या जस की तस बनी हुई है।
इस लापरवाही से नाराज ग्रामीणों ने शुक्रवार को खुद ही सफाई का जिम्मा उठाया। कई लोगों ने अपने घरों के सामने की नालियां और सड़कों की सफाई स्वयं की। हालात को देखते हुए ग्राम प्रधान ने भी निजी खर्च पर मजदूर लगाकर सफाई कार्य शुरू कराया।
ग्रामीणों का कहना है कि ब्लॉक प्रशासन की यह कार्यप्रणाली सिर्फ खानापूर्ति तक सीमित है और निगरानी व्यवस्था पूरी तरह फेल हो चुकी है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही गांव में स्थाई सफाई कर्मचारी की नियुक्ति नहीं की गई और सफाई व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ, तो वे धरना-प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।


