बुलंदशहर: पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हाईकोर्ट बेंच की स्थापना की मांग को लेकर अधिवक्ताओं का आंदोलन एक बार फिर तेज हो गया है। बुधवार को दि बार एसोसिएशन शिकारपुर के आह्वान पर तहसील परिसर में अधिवक्ताओं ने प्रदर्शन करते हुए मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन एसडीएम अरुण कुमार वर्मा को सौंपा। इस दौरान वकीलों की नारेबाजी के चलते तहसील का कार्य प्रभावित रहा।

बार कार्यालय में आयोजित बैठक में अधिवक्ताओं ने एकमत होकर बताया कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हाईकोर्ट बेंच की मांग पिछले 45 वर्षों से लगातार उठाई जा रही है, लेकिन अब तक इस दिशा में ठोस निर्णय नहीं लिया गया। अधिवक्ताओं ने कहा कि हाईकोर्ट बेंच की स्थापना केवल वकीलों के हित में नहीं, बल्कि आम जनमानस को सस्ता, सुलभ और त्वरित न्याय उपलब्ध कराने के लिए भी अत्यंत आवश्यक है।
अधिवक्ताओं ने यह भी स्पष्ट किया कि इस आंदोलन को व्यापारिक संगठनों, किसान संगठनों एवं विभिन्न सामाजिक संगठनों का भी पूर्ण समर्थन प्राप्त है। वक्ताओं ने चेतावनी दी कि यदि मांग को जल्द पूरा नहीं किया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
इस अवसर पर तहसील दी बार एसोसिएशन शिकारपुर के अध्यक्ष रामकुमार राघव सहित के.एल. प्रभात, अमर सिंह राठौर, नेम सिंह सूर्यवंशी, टी.पी. शर्मा, नरेंद्र कुमार गिरी, कांति प्रसाद गोस्वामी, नीरज कुमार, राकेश कुमार शर्मा, रविंद्र पलावत, बी.डी. निगम, राहुल शर्मा, आरती सिंह, मुकुट निगम, पवन गोस्वामी, प्रवीण कुमार, हिमांक गुप्ता, शीशपाल सिंह, जीतपाल सिंह समेत बड़ी संख्या में अधिवक्ता मौजूद रहे।


