नई दिल्ली: भारत की सुरक्षा व्यवस्था को चुनौती देने के लिए पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई (ISI) अब एक नई और खतरनाक चाल चल रही है। ताजा मामला पंजाब के पठानकोट जनपद से सामने आया है, जहां पुलिस ने संवेदनशील सैन्य इलाकों की जासूसी के आरोप में एक 15 वर्षीय नाबालिग किशोर को गिरफ्तार किया है। बात दें, किशोर को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
पुलिस के अनुसार, पकड़ा गया किशोर पिछले करीब एक वर्ष से पाकिस्तान में बैठे ISI के हैंडलरों के संपर्क में था और भारत से जुड़ी महत्वपूर्ण व संवेदनशील जानकारियां साझा कर रहा था। जांच में यह भी खुलासा हुआ है कि केवल यही नहीं, बल्कि पंजाब के अन्य जिलों में भी कुछ नाबालिग बच्चे ISI के संपर्क में होने की संम्भावना है। इस इनपुट के बाद राज्य के विभिन्न थानों को सतर्क कर दिया गया है।
पुलिस जांच में जुटी
सुरक्षा एजेंसियों की नजर से बचने के लिए ISI अब नाबालिगों का इस्तेमाल कर रही थी। बदले में बच्चों को पैसे और अन्य प्रलोभन दिए जा रहे थे। पुलिस किशोर से गहन पूछताछ कर रही है और उसके संपर्क में रहे अन्य युवकों की पहचान की जा रही है, ताकि पूरे नेटवर्क को समय रहते ध्वस्त किया जा सके।
पारिवारिक का लिया गया सहारा
जांच में सामने आया कि डेढ़ वर्ष पहले किशोर के पिता की विदेश में मौत हो गई थी, जिसे वह हत्या मान बैठा। इस सदमे से वह डिप्रेशन में चला गया, पढ़ाई छूट गई और वह सोशल मीडिया पर भड़काऊ गतिविधियों में शामिल हो गया। इसी दौरान ISI से जुड़े तत्वों ने उसे अपने जाल में फंसा लिया।
सोशल मीडिया बना जरिया
एसएसपी पठानकोट दलजिंदर सिंह ढिल्लों ने बताया कि नाबालिग के मोबाइल की फॉरेंसिक जांच जारी है। प्रारंभिक जांच में संकेत मिले हैं कि सोशल मीडिया के माध्यम से अन्य युवकों को भी जोड़ने की कोशिश की गई थी। पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।


