महराजगंज: पनियरा कस्बे में एक निजी अस्पताल में प्रसव के दौरान महिला की मौत का मामला सामने आने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई है। मृतका के परिजनों ने थाना पनियरा में तहरीर देकर अस्पताल संचालक और ऑपरेशन करने वाले डॉक्टर पर गंभीर लापरवाही तथा फर्जीवाड़े के आरोप लगाए हैं। पुलिस ने मामले को संज्ञान में लेते हुए जांच शुरू कर दी है।

मिली जानकारी के मुताबिक दीपक कन्नौजिया, निवासी ग्राम पंचायत जंगल जलरलहा उर्फ तेंदूअहिया, थाना पनियरा ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि उनकी पत्नी पूजा को 18 फरवरी 2026 को प्रसव पीड़ा होने पर पहले स्थानीय स्तर पर दिखाया गया। इसके बाद परिजन उन्हें नगर पंचायत पनियरा स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराए।
आरोप है कि अस्पताल में जांच के बाद डॉक्टरों ने सिजेरियन ऑपरेशन की आवश्यकता बताते हुए परिजनों से 40 हजार रुपये जमा कराए। परिजनों का कहना है कि ऑपरेशन के दौरान घोर लापरवाही बरती गई, जिससे महिला को अत्यधिक रक्तस्राव होने लगा। रात भर उसकी हालत बिगड़ती रही, लेकिन समय रहते समुचित इलाज नहीं दिया गया।
सुबह करीब 8 बजे महिला की स्थिति अत्यंत गंभीर होने पर परिजनों को पूरी जानकारी दिए बिना उसे गोरखपुर के एक निजी अस्पताल ले जाया गया। परिजनों का आरोप है कि रास्ते में ही डॉक्टरों ने महिला को मृत घोषित कर दिया। बाद में मेडिकल कॉलेज में भी डॉक्टरों ने महिला को मृत बताया।
परिजनों ने यह भी आरोप लगाया कि जिस डॉक्टर का नाम अस्पताल के कागजात में दर्ज किया गया था, उसने ऑपरेशन नहीं किया। वास्तविक सर्जरी किसी अन्य व्यक्ति द्वारा की गई, जो कथित रूप से फर्जी डॉक्टर था। महिला की मौत के बाद परिवार में कोहराम मच गया।
घटना की सूचना मिलते ही मृतका के मायके और ससुराल पक्ष के लोग अस्पताल पहुंच गए। मायके पक्ष ने ससुराल वालों पर महिला को प्रताड़ित करने के आरोप भी लगाए, जिससे स्थिति तनावपूर्ण हो गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर स्थिति को नियंत्रित किया।
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। थाना पनियरा अध्यक्ष राघवेंद्र सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर मामले की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।


