बुलंदशहर: शिकारपुर नगर स्थित हैप्पी ब्लू वर्ल्ड पब्लिक स्कूल में कक्षा छः के एक छात्र को मात्र कुछ हजार रुपये की बकाया फीस के कारण परीक्षा से वंचित किए जाने का मामला सामने आया है। घटना के बाद अभिभावकों में काफी रोष देखा गया और उन्होंने बेसिक शिक्षा अधिकारी से इसकी औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है।
मामला छठवीं कक्षा में पढ़ने वाले छात्र पुनित चौधरी से जुड़ा है। आरोप है कि स्कूल प्रबंधन ने 5 से 6 हजार रुपये की बकाया फीस का हवाला देते हुए उसे मंथली परीक्षा में बैठने की अनुमति नहीं दी। परिजनों का कहना है कि उन्होंने कई बार विद्यालय से ऑनलाइन फीस जमा करने के लिए आवश्यक नंबर मांगा, लेकिन स्कूल की ओर से किसी भी प्रकार का विवरण उपलब्ध नहीं कराया गया।
परीक्षा के दिन छात्र जब विद्यालय पहुँचा, तो उसे बाहर ही रोक दिया गया। बच्चे ने अपने साथ हुई इस स्थिति को लेकर घर पर बताया तो अभिभावक तुरंत स्कूल पहुँचे और विरोध जताया। अभिभावकों ने कहा कि फीस न जमा होने पर भी विद्यालय प्रशासन को छात्र की पढ़ाई और परीक्षा रोकने का अधिकार नहीं है, जबकि वह भुगतान करने के लिए तैयार थे।
अंततः अभिभावकों के हस्तक्षेप और बढ़ते विवाद के बाद विद्यालय प्रशासन ने छात्र को परीक्षा देने की अनुमति दी। हालांकि, इस तरह बच्चों को शिक्षा से वंचित किए जाने की कार्रवाई पर अब सवाल खड़े हो रहे हैं।
उधर, बेसिक शिक्षा अधिकारी लक्ष्मीकांत पांडे ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कहा कि विभागीय जांच कर उचित कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी छात्र को फीस विवाद के नाम पर परीक्षा से रोकना शिक्षा के अधिकार का उल्लंघन है और ऐसे मामलों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।


