गोरखपुर: हिंदी साहित्य के क्षेत्र में गोरखपुर का नाम रोशन करने वाली प्रख्यात कवयित्री एवं लेखिका हिना कौसर गोरखपुरी को अंतर्राष्ट्रीय मातृभाषा दिवस के अवसर पर नेपाल की प्रतिष्ठित संस्था शब्द प्रतिभा बहुक्षेत्रीय सम्मान फाउंडेशन द्वारा “मातृभाषा रत्न मानद उपाधि” से सम्मानित किया गया।
यह सम्मान उन्हें भारत-नेपाल के बीच सांस्कृतिक एवं साहित्यिक मैत्री को सुदृढ़ करने, हिंदी और नेपाली भाषाओं के प्रचार-प्रसार तथा मातृभाषाओं के संरक्षण के लिए किए गए उनके सतत प्रयासों के लिए प्रदान किया गया। इस उपलब्धि ने न केवल गोरखपुर बल्कि पूरे देश के साहित्य जगत को गौरवान्वित किया है।
हिना कौसर गोरखपुरी अब तक 29 साझा पुस्तकों और 10 एकल पुस्तकों का सृजन कर चुकी हैं। उनकी रचनाएँ देश-विदेश में पाठकों द्वारा सराही गई हैं। साहित्यिक साधना और भाषा सेवा के लिए उन्हें अब तक 200 से अधिक राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय सम्मान प्राप्त हो चुके हैं। नेपाल से मिला यह सम्मान उनकी बहुआयामी प्रतिभा को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान प्रदान करता है।
साहित्य प्रेमियों और बुद्धिजीवियों ने इस उपलब्धि को हिंदी साहित्य के लिए एक महत्वपूर्ण क्षण बताते हुए हिना कौसर को बधाई दी है। इस सम्मान से गोरखपुर सहित पूरे पूर्वांचल में हर्ष का माहौल है और साहित्य जगत ने इसे हिंदी के लिए गर्व का क्षण बताया है।


