गाजियाबाद: गाजियाबाद पुलिस कमिश्नरेट के लोनी सर्किल में अपराध नियंत्रण को लेकर पुलिस लगातार सक्रिय नजर आ रही है। बीते 24 घंटों के दौरान लोनी, अंकुर विहार, ट्रोनिका सिटी और लोनी कोतवाली पुलिस ने विभिन्न मामलों में कार्रवाई करते हुए कई अभियोग दर्ज किए तथा अनेक आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस का दावा है कि अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए अभियान लगातार जारी है।
पुलिस की प्रमुख कार्रवाइयां
जानलेवा हमले के एक मामले में थाना लोनी पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी विवेक और उसके साथी नवनीत को गिरफ्तार किया। पुलिस ने उनके कब्जे से वारदात में प्रयुक्त पिस्टल भी बरामद करने का दावा किया है। बंथला क्षेत्र में हुई चोरी की घटना का भी पुलिस ने खुलासा करते हुए दो कथित शातिर चोरों को गिरफ्तार किया और चोरी का सामान बरामद किया।
वहीं अंकुर विहार और ट्रोनिका सिटी पुलिस ने महिलाओं की सुरक्षा से जुड़े मामलों में अभियान चलाते हुए आवश्यक कार्रवाई की। इसके अलावा औद्योगिक क्षेत्र में कथित धोखाधड़ी के मामलों में कुछ आरोपियों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट एवं धोखाधड़ी से संबंधित धाराओं में मुकदमे दर्ज किए गए।
जनता की शिकायतें भी बनीं चर्चा का विषय
पुलिस की सक्रियता के बीच स्थानीय लोगों की ओर से कुछ शिकायतें भी सामने आ रही हैं। क्षेत्र के कई नागरिकों का कहना है कि मोबाइल छिनौती, टप्पेबाजी, छोटे विवाद और अन्य सामान्य शिकायतों में कार्रवाई अपेक्षाकृत धीमी रहती है, जिससे पीड़ितों को कई बार थानों के चक्कर लगाने पड़ते हैं। कुछ लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि कई मामलों में शिकायतकर्ताओं को संतोषजनक सुनवाई नहीं मिलती।
हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।
उधर ट्रोनिका सिटी के औद्योगिक क्षेत्र से जुड़े कुछ व्यापारियों का कहना है कि रात के समय गश्त और बढ़ाए जाने की आवश्यकता है ताकि फैक्ट्रियों के बाहर वाहन एवं सामान चोरी जैसी घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सके।
जानिए पुलिस का पक्ष
एसीपी लोनी सिद्धार्थ गौतम के नेतृत्व में पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अपराधियों के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति के तहत लगातार कार्रवाई की जा रही है। अधिकारियों का दावा है कि कानून-व्यवस्था मजबूत करने के साथ-साथ जनता की शिकायतों के त्वरित निस्तारण पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
वहीं स्थानीय नागरिकों का मानना है कि अपराधियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई के साथ-साथ आम लोगों की दैनिक समस्याओं के समाधान, पारदर्शी कार्यप्रणाली और बेहतर जनसुनवाई पर भी समान रूप से ध्यान दिए जाने की आवश्यकता है।


