गाजियाबाद: कलेक्ट्रेट परिसर में आयोजित जनसुनवाई एक बार फिर प्रशासन और जनता के बीच भरोसे का मजबूत सेतु बनकर सामने आई। जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार माँदड़ की अध्यक्षता में हुई इस जनसुनवाई में विभिन्न क्षेत्रों से बड़ी संख्या में नागरिक अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे, जिससे स्पष्ट हुआ कि आमजन को अब प्रशासनिक मंच पर अपनी बात सुने जाने का विश्वास बढ़ा है।

जनसुनवाई के दौरान नगर निगम, गाजियाबाद विकास प्राधिकरण, विद्युत विभाग, स्वास्थ्य, राजस्व सहित कई विभागों से संबंधित शिकायतें प्राप्त हुईं। जिलाधिकारी ने प्रत्येक फरियादी की समस्या को गंभीरता से सुना और उनसे पूर्व में की गई शिकायतों की जानकारी भी ली। उन्होंने आश्वस्त किया कि किसी भी शिकायत को औपचारिकता बनाकर नहीं निपटाया जाएगा, बल्कि प्रत्येक प्रकरण का समाधान गुणवत्ता और निष्पक्षता के साथ सुनिश्चित किया जाएगा।

जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जिन शिकायतों में मौके पर जाकर जांच आवश्यक है, वहां स्थलीय निरीक्षण के बाद ही निस्तारण किया जाए। साथ ही शिकायतों के निस्तारण के उपरांत शिकायतकर्ता से फीडबैक लेना भी अनिवार्य किया गया, ताकि समाधान की वास्तविक स्थिति का आकलन हो सके।
जनसुनवाई के दौरान प्रशासन की मानवीय संवेदना भी देखने को मिली। काशीराम प्रताप विहार निवासी दिव्यांग व्यक्ति शंकर लाल, जिन्होंने पूर्व में रोजगार के लिए सहायता मांगी थी, आज जनसुनवाई में उपस्थित होकर जिलाधिकारी का आभार व्यक्त करने पहुंचे। जिलाधिकारी ने उन्हें आगे भी किसी समस्या पर सीधे संपर्क करने का आश्वासन देते हुए आवश्यक पत्र जारी कराने के निर्देश दिए।
इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी ज्योति मौर्य, विवेक मिश्र, सौरभ भट्ट, सिटी मजिस्ट्रेट डॉ. संतोष कुमार उपाध्याय सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।


