गाजियाबाद: माननीय उच्च न्यायालय में विचाराधीन रिट याचिका ज्योति राजपूत बनाम उत्तर प्रदेश राज्य एवं अन्य के आदेशों के अनुपालन में जिला प्रशासन द्वारा गाजियाबाद के विभिन्न प्रमुख और संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष रेस्क्यू एवं निरीक्षण अभियान चलाया गया। यह अभियान जिला प्रोबेशन अधिकारी मनोज कुमार पुष्कर के निर्देशन में आयोजित किया गया।
अभियान के दौरान हापुर चुंगी चौराहा, पुराना बस अड्डा, हापुर मोड़ सहित अन्य सार्वजनिक स्थलों पर टीम ने व्यापक भ्रमण किया। इस दौरान अनाथ एवं बेसहारा बच्चों, निराश्रित महिलाओं और असहाय बुजुर्गों की पहचान कर उन्हें आवश्यक संरक्षण एवं सहायता उपलब्ध कराने के उद्देश्य से गहन निरीक्षण किया गया। टीम ने प्रत्येक स्थान पर सतर्कता बरतते हुए स्थिति का जायजा लिया, हालांकि निरीक्षण के दौरान कोई भी अनाथ, बेसहारा या निराश्रित व्यक्ति चिन्हित नहीं पाया गया।
रेस्क्यू अभियान का नेतृत्व जिला प्रोबेशन कार्यालय के संरक्षण अधिकारी जितेंद्र कुमार ने किया। उनके साथ वन स्टॉप सेंटर की सेंटर मैनेजर प्रीति मलिक, सीमा मलिक केश्वरकर तथा पैरामेडिकल स्टाफ सुश्री सुमन मौजूद रहीं, जिन्होंने सामाजिक सुरक्षा से जुड़े पहलुओं पर विशेष ध्यान दिया।
अभियान के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने के लिए थाना एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग, गाजियाबाद की पुलिस टीम भी तैनात रही। प्रभारी निरीक्षक प्रभु दयाल के नेतृत्व में पुलिस बल ने अभियान को सुचारु रूप से संपन्न कराने में सहयोग प्रदान किया।
प्रशासनिक अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि माननीय उच्च न्यायालय के आदेशों के प्रभावी अनुपालन के तहत इस प्रकार के निरीक्षण एवं रेस्क्यू अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेंगे, ताकि समाज के कमजोर, असहाय और जरूरतमंद वर्गों को समय रहते संरक्षण और सहायता उपलब्ध कराई जा सके।


