महराजगंज: नौतनवा ब्लॉक क्षेत्र में गुरुवार को आग की दो अलग-अलग घटनाओं ने भारी तबाही मचा दी। एक ओर जहां शॉर्ट सर्किट से निकली चिंगारी ने किसानों की खड़ी फसल को राख कर दिया, वहीं दूसरी ओर चूल्हे की राख से लगी आग ने चार गरीब परिवारों के आशियाने उजाड़ दिए। इन हादसों में एक महिला गंभीर रूप से झुलस गई, जिनका उपचार रतनपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में चल रहा है।

पहली घटना सोनौली कोतवाली क्षेत्र के ग्राम पंचायत जगरनाथपुर टोला पंडितपुर के सिवान में दोपहर करीब 12 बजे हुई। ग्रामीणों के अनुसार, 11 हजार वोल्ट के विद्युत पोल के जम्फर में अचानक शॉर्ट सर्किट हुआ, जिससे निकली चिंगारी ने सूखी गेहूं की फसल को आग की चपेट में ले लिया। तेज पछुआ हवा के चलते आग तेजी से फैलती चली गई और देखते ही देखते दर्जनों किसानों की करीब 15 एकड़ से अधिक खड़ी फसल जलकर राख हो गई।
आग की चपेट में बेदी, जगदीश, मलहू, वकील, आरिफ, अकबर, महेंद्र, शिवकुमार, विश्वनाथ, गौरीशंकर, अमीरका, फेकनी, धर्मेंद्र, अनिल, त्रिलोकी, चंद्रबली, रामदास, मुर्तुजा, रज्जाक, मेहताब, आफताब, सबरून निशा, गणेश, उमेश, सुगीया, सुदामा समेत कई किसानों की मेहनत स्वाहा हो गई। पीड़ितों का आरोप है कि सूचना देने के बावजूद दमकल विभाग की गाड़ी काफी देर से पहुंची और खेत में जाने से भी मना कर दिया, जिससे नुकसान बढ़ गया।
दूसरी घटना परसामलिक थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत बैकुंठपुर उर्फ बोदरवार में हुई। यहां सुबह खाना बनाने के बाद चूल्हे की राख में दबी चिंगारी ने दोपहर में आग पकड़ ली और देखते ही देखते रामअवध, पियारे, मंगरु और विगई के झोपड़ीनुमा मकानों को अपनी चपेट में ले लिया। आग में घरों में रखा अनाज, कपड़े, बिस्तर और अन्य जरूरी सामान जलकर पूरी तरह नष्ट हो गया।
आग बुझाने के प्रयास में मंगरु की पत्नी झुलस गईं, जिन्हें तत्काल रतनपुर सीएचसी में भर्ती कराया गया। सूचना मिलते ही हल्का लेखपाल शशांक शेखर तिवारी मौके पर पहुंचे और नुकसान का आकलन कर रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को भेज दी है।
ग्रामीणों और दमकल कर्मियों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका, लेकिन तब तक कई परिवारों की आजीविका और आशियाना उजड़ चुका था। पीड़ित किसानों और प्रभावित परिवारों ने प्रशासन से शीघ्र मुआवजा और आर्थिक सहायता की मांग की है।


