गाजियाबाद: जनपद के कौशांबी इलाके में सुरक्षा एजेंसियों को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। विशेष जांच टीम (SIT) ने देश विरोधी गतिविधियों में संलिप्त एक संगठित जासूसी नेटवर्क का भंडाफोड़ करते हुए 9 लोगों को गिरफ्तार किया है। इस गिरोह के तार सीधे पाकिस्तान से जुड़े पाए गए हैं, जहां बैठे एक संदिग्ध हैंडलर के लिए ये लोग काम कर रहे थे।
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी आधुनिक तकनीक और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल कर देश की संवेदनशील जानकारियां साझा कर रहे थे। हैरान करने वाली बात यह है कि इस गिरोह में पांच नाबालिग भी शामिल थे, जिन्हें शॉर्ट वीडियो बनाने के नाम पर सैन्य ठिकानों के आसपास भेजा जाता था। ये नाबालिग वहां की तस्वीरें और वीडियो रिकॉर्ड कर लोकेशन के साथ विदेश भेजते थे।
गिरफ्तार आरोपियों में मेरठ, बिहार और जौनपुर के निवासी शामिल हैं। शुरुआती पूछताछ में यह भी खुलासा हुआ है कि आरोपियों को इस काम के बदले छोटी-छोटी रकम दी जाती थी, जो 500 से 5000 रुपये तक होती थी। भुगतान को छिपाने के लिए जन सेवा केंद्रों का सहारा लिया जाता था, जिससे उनकी पहचान उजागर न हो सके।
एडीसीपी राजकरन नैय्यर के अनुसार, इस पूरे नेटवर्क का संचालन विदेश में बैठे सरगना द्वारा किया जा रहा था, जिससे आरोपी अलग-अलग मोबाइल एप्स के जरिए संपर्क में रहते थे।
फिलहाल, इस मामले में दो अहम आरोपी फरार हैं, जिनकी तलाश में पुलिस लगातार दबिश दे रही है। गिरफ्तार आरोपियों के पास से मोबाइल फोन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए गए हैं, जिनकी जांच से और भी अहम सुराग मिलने की उम्मीद है।


