रामपुर: समाजवादी पार्टी के सांसद द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ की गई कथित अभद्र टिप्पणी को लेकर गुरुवार को भारतीय जनता पार्टी कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट परिसर में जोरदार धरना-प्रदर्शन किया। भाजपा नेताओं, महिला मोर्चा और बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन में शामिल होकर समाजवादी पार्टी के खिलाफ नारेबाजी की तथा सार्वजनिक माफी की मांग उठाई।

धरना-प्रदर्शन को संबोधित करते हुए भाजपा जिलाध्यक्ष हरीश गंगवार ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश की जनता के विश्वास, सम्मान और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रतीक हैं। उनके खिलाफ इस प्रकार की अमर्यादित भाषा का प्रयोग केवल एक व्यक्ति नहीं बल्कि पूरे देश की भावनाओं का अपमान है। उन्होंने कहा कि विपक्ष जनता का भरोसा खो चुका है और इसी हताशा में उसके नेता अनर्गल बयानबाजी कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि भाजपा हमेशा राष्ट्रहित और मर्यादित राजनीति में विश्वास करती है, जबकि समाजवादी पार्टी की राजनीति अराजकता और विवाद पैदा करने तक सीमित रह गई है। जनता अब विकास और राष्ट्रहित की राजनीति करने वालों तथा समाज को बांटने वालों के बीच का अंतर समझ चुकी है।
पूर्व जनप्रतिनिधियों ने भी कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सपा नेताओं की बयानबाजी की कड़ी आलोचना की। पूर्व विधायक बीना भारद्वाज ने कहा कि समाजवादी पार्टी लोकतांत्रिक मूल्यों की बात जरूर करती है, लेकिन उसके नेताओं की भाषा उनकी वास्तविक मानसिकता को उजागर करती है।
महिला मोर्चा अध्यक्ष पारुल अग्रवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने वैश्विक स्तर पर अपनी मजबूत पहचान बनाई है। विपक्ष इसी लोकप्रियता से घबराकर इस तरह की बयानबाजी कर रहा है। धरना प्रदर्शन के दौरान भाजपा कार्यकर्ताओं ने जमकर नारेबाजी की और समाजवादी पार्टी से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की।
कार्यक्रम में अभय गुप्ता, मोहन कुमार लोधी, युसूफ अली, अर्चना गंगवार, रविंद्र सिंह रवि, अर्जुन रस्तोगी, प्रदीप गुप्ता, आकाश सक्सेना, विवेक रुहेला, दीपक गुप्ता, पवन शर्मा, श्वेता शर्मा, पूजा शर्मा, पंकज सैनी, अवधेश शर्मा, मनु सक्सेना, विक्रम सिंह, गोपाल गुप्ता, आशीष गुप्ता, अमित दिवाकर, शिवा शर्मा, दिलीप अरोड़ा, संजय पाठक, देवेंद्र चौधरी, विवेक बिश्नोई, देवेंद्र सिंह समेत बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।


